मोहम्मद अलीम की ब्यूरो रिपोर्ट
सीतापुर/मानपुर:- जनपद सीतापुर से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक महिला को उसके पति ने दूसरी शादी करने के बाद तीन मासूम बच्चों समेत घर से निकाल दिया। पीड़िता अब न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है।
थाना मानपुर क्षेत्र के ग्राम भिठौली निवासी 33 वर्षीय जुबेदा खातून की शादी थाना रामपुर क्षेत्र के ग्राम समदा निवासी फुरकान अली पुत्र मोहयुद्दीन से हुई थी। शादी के बाद दोनों के तीन बच्चे सैफ, तमन्ना और इनाया हुए। परिवार सामान्य चल रहा था, तभी कुछ समय बाद फुरकान अली रोज़गार के लिए सऊदी अरब चला गया।
पीड़िता के मुताबिक, सऊदी से लौटने के बाद फुरकान अली का रवैया पूरी तरह बदल गया। उसने जुबेदा से साफ शब्दों में कहा कि वह अब उसके साथ नहीं रहेगा, क्योंकि उसने दूसरी शादी कर ली है। इतना ही नहीं, उसने तलाक देने की धमकी देते हुए कहा कि “तुम और तुम्हारा परिवार हमारा कुछ नहीं बिगाड़ सकते।”
जुबेदा का आरोप है कि पति के साथ-साथ ससुराल पक्ष सास हाजरा, नंदोई सेराज, देवर अरमान और ननदें रिजवाना, अफसाना व रेहाना ने भी उसे लगातार प्रताड़ित किया। मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकियां देना आम बात हो गई थी।
पीड़िता ने बताया कि उसके पिता का पहले ही निधन हो चुका है, जिससे उसका कोई सहारा नहीं बचा। इसी का फायदा उठाकर ससुरालियों ने उसे घर से बाहर कर दिया। अब वह अपने तीनों बच्चों के साथ असुरक्षित हालात में जीवन बिताने को मजबूर है।
न्याय की उम्मीद में जुबेदा ने अदालत का दरवाजा खटखटाया, लेकिन अब तक उसे कोई राहत नहीं मिली है। उसका कहना है कि ससुराल पक्ष दबंग है, जिसके चलते उसे हमेशा जान का खतरा बना रहता है।
बड़ी मांग:
पीड़िता ने प्रशासन से सुरक्षा, पति के खिलाफ सख्त कार्रवाई और अपने व बच्चों के लिए न्याय की गुहार लगाई है।
सवाल बड़ा है:
क्या एक मां और उसके मासूम बच्चों को यूं ही दर-दर भटकने के लिए छोड़ दिया जाएगा, या फिर प्रशासन उन्हें न्याय दिलाएगा?